नई दिल्ली पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज शोएब अख्तर ने कहा है कि सचिन तेंडुलकर के साथ विराट कोहली की तुलना नहीं की जानी चाहिए। अख्तर क्रिकेट से जुड़े मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखते हैं। उन्होंने मौजूदा दौर की फास्ट बोलिंग से लेकर सचिन और विराट की तुलना पर अपनी राय रखी। उन्होंने एक वेबसाइट को दिए इंटरव्यू में कहा, 'आज के दौर में आप कितने फास्ट बोलर देखते हैं जो 150 किलोमीटर की रफ्तार से गेंद फेंक सकते हैं। और कितने लोग हैं जो पुराने नियमों के हिसाब से खेलना चाहते हैं? ICC ने कई पाबंदियां लगा दी हैं और आप क्या चाहते हैं? आप चाहते हैं टीआरपी, आपको यह मिल जाएगी। लेकिन अगर आप खिलाड़ियों का चरित्र देखना चाहते हैं तो आपको ये पाबंदियां हटानी होंगी।' स्पोर्ट्सकीड़ा को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा, 'सचिन के साथ विराट की तुलना नहीं होनी चाहिए।' अख्तर और सचिन के बीच में काफी कड़ा मुकाबला देखने वाला होता था। अख्तर ने सचिन की तारीफ करते हुए कहा कि मास्टर ब्लास्टर ने दुनिया के चोटी के गेंदबाजी आक्रमण के सामने रन बनाए। उन्होंने कहा, 'उन्होंने कहा कि क्रिकेट पर काफी पाबंदियां हैं। मैदान पर तीन घेरे कैसे हो सकते हैं? मेरे कहने का अर्थ है... सचिन तेंडुलकर को क्रेडिट देना चाहिए और उनकी तुलना विराट कोहली से करना बंद करो। विराट ने सचिन के युग में बल्लेबाजी नहीं की है। 50 ओवर तक खेल। और फिर 10-20 ओवर बाद गेंद रिवर्स स्विंग होने लगी थी। ऐसे में आप वसीम अकरम, वकार यूनिस की रफ्तार और शेन वॉर्न की स्पिन खेलें, यह छोटी बात नहीं है।' उन्होंने यह भी कहा है उस दौर में हर टीम के पास ऐसे गेंदबाज होते थे जो लगातार 140 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से गेंदबाजी कर सकते थे। और साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि आज के दौर में ऐसे गिनती के ही गेंदबाज हैं। उन्होंने कहा, 'हर टीम के पास विशेषज्ञ थे। लांस क्लूजर, जैक कालिस, शॉन पॉलक, एलन डॉनल्ड, मखाया नतिनी, हर टीम के पास पांच क्वॉलिटी बोलर होते थे। आज आपके पास कितने हैं? अब पैट कमिंस, जोश हेजलवुड और इसके बाद?' दुनिया के सबसे तेज गेंदबाज रहे अख्तर ने टेस्ट में 178 और वनडे में 247 विकेट लिए हैं। रावलपिंडी एक्सप्रेस के नाम से मशहूर अख्तर ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 100 मील प्रति घंटे की रफ्तार से अधिक दो बार गेंद फेंकी है।
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