चेन्नैवेस्टइंडीज के हरफनमौला ने करिश्माई की तारीफ करते हुए कहा कि पूर्व भारतीय कप्तान में मैच की मुश्किल परिस्थितियों में बिना किसी घबराहट के दबाव से निपटने की काबिलियत थी। धोनी ने भारतीय टीम में खेलने संबंधित अटकलों को खत्म करते हुए 15 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की। ब्रावो ने इंडियन प्रीमियर लीग की सबसे सफल फ्रैंचाइजी में से एक चेन्नै सुपरकिंग्स में धोनी के साथ काफी समय बिताया। ब्रावो ने बातचीत में कहा, ‘बतौर खिलाड़ी वह (धोनी) दबाव को झेल लेते हैं, वह कभी घबराते नहीं हैं। वह हमेशा खिलाड़ियों को भरोसा दिलाते हैं और वे जो कुछ भी करते हैं, उसमें उनका आत्मविश्वास बढ़ाते हैं।’ देखें, धोनी हमेशा खिलाड़ियों के कप्तान रहे हैं और कई का उन्होंने पूरा समर्थन किया। धोनी के संन्यास के बारे में बात करते हुए ब्रावो ने कहा कि ऐसा तो एक दिन होना ही था। ब्रावो बुधवार को टी20 क्रिकेट में 500 विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज बने। उन्होंने कहा, ‘मुझे पूरा भरोसा है कि उनकी अपनी योजना है। उनके प्रशंसक और क्रिकेटप्रेमी होने के नाते हम सभी चाहते कि वह लंबे समय तक खेलते रहें। लेकिन सच्चाई यह है कि हम सभी को कभी न कभी खेल छोड़ना होता है।’ धोनी का अंतिम अंतरराष्ट्रीय मैच जुलाई 2019 में न्यूजीलैंड के खिलाफ आईसीसी विश्व कप सेमीफाइनल था। वेस्टइंडीज के पूर्व कप्तान ब्रावो इस समय कैरेबियाई प्रीमियर लीग में ट्रिनबागो नाइटराइडर्स के लिए खेल रहे हैं।
from Sports News in Hindi: Latest Hindi News on Cricket, Football, Tennis, Hockey & more | Navbharat Times https://ift.tt/2QAt2a1
No comments:
Post a Comment